छत्तीसगढ़ में वकील सुरक्षित नहीं ! अब अधिवक्ता सुरक्षा कानून लागू करने की मांग, राज्यपाल से गुहार

छत्तीसगढ़ में वकील सुरक्षित नहीं ! अब अधिवक्ता सुरक्षा कानून लागू करने की मांग, राज्यपाल से गुहार रायपुर। छत्तीसगढ़ में अधिवक्ता सुरक्षा कानून लागू करने की मांग तेज हो गई है। जिस प्रकार प्रदेश में डॉक्टरों को सुरक्षित करने कानून बनाया गया है। उसी तरह की कानून की मांग की जा रही है। क्योंकि वकालत भी एक पेशा है। अब इसमें जोखिम बढ़ गया है। खुलेआम हमले हो रहे हैं।   तहसील कार्यालय में भ्रष्टाचार, वकील के समर्थन में बार काउंसिल आफ इंडिया, डीजीपी को लिखा खत दरअसल, रायगढ़ जिले में अधिवक्ताओं के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। जिसे अधिवक्ता संघ गलत बता रहा है। सरकार पर भ्रष्टाचार को संरक्षण देने का आरोप लगा है। वे इससे काफी आक्रोश है। प्रदेश में अधिवक्ता सुरक्षा कानून लागू करने की मांग की जा रही है। भ्रष्टाचार से वकील आक्रोशित, नायब तहसीलदार और कर्मचारी की पिटाई, विरोध में सभी सरकारी कार्यालय बंद वहीं एफआईआर के विरोध में रायपुर के वकीलों द्वारा कोई काम नहीं किया जा रहा है। वकीलों का कहना है, कि रायगढ़ जिले के तहसीलदार और वहां के कर्मचारी ने दुर्व्यवहार किया। अधिवक्ता के विरोधी प्रकरण बनाए हैं। अधिवक्ता साथी न्यायिक अभिरक्षा में भी उच्च न्यायालय की जमानत पर छूट गए हैं। आज वकीलों ने इस मांग को लेकर राज्यपाल को ज्ञापन सौपा है। शिवरीनारायण मेले में युवक की हत्या, भीड़ में आरोपी ने वारदात को दिया अंजाम

पत्रकार सुरक्षा कानून अधर में

प्रदेश में पत्रकार सुरक्षा कानून की मांग भी पुरानी है। कांग्रेस ने चुनाव के समय पत्रकारों को सुरक्षा प्रदान करने कानून बनाने की बात कही थी। इसके लिए एक कमेटी बनाई गई थी। कमेटी का लगभग सभी काम पूरा हो गया है। लेकिन अभी तक इस मूर्त रूप नहीं दिया गया है। प्लास्टिक गिलास, कप, प्लेट पर प्रतिबंध, स्टॉक खत्म करने 30 जून तक का समय Our players have understood their roles and responsibilities: Dhoni on turnaroun