रिटायर्ड अधिकारी से 1.22 करोड़ रुपए की धोखाधड़ी, जानिए आरोपियों के जाल में कैसे फंसा भिलाई। रिटायर्ड अधिकारी से एक एक दो लाख नहीं करोड़ रुपए की धोखाधड़ी हो गई। ठग ने बीमा पॉलिसी के नाम पर चूना लगाया। साल 2013 से 2021 के बीच जुनवानी निवासी बीएसपी के सेवानिवृत्त कर्मी से 1.22 करोड़ रुपए ठग लिया। 6 अलग-अलग स्कीम में निवेश कराने की बात कहकर उनसे रुपए ऐंठ गए। अधिकारी ने सेवानिवृत्ति के बाद मिले 90 लाख रुपए भी आरोपियों के पास जमा करा दिए। यह राशि एसबीआई, बैंक ऑफ बड़ोदा, बैंक ऑफ महाराष्ट्र, एक्सिस बैंक और इंडियन ओवरसीज बैंक में पैसा जमा कराए जाने के नाम पर की गई। शिक्षक प्रमोशन मामला, हाईकोर्ट में सरकार ने नहीं दिया जवाब, जानें क्या हुआ फिर आरोपियों ने 4 सौ ऑनलाइन ट्रांजिक्शन और 16 चेक के माध्यम से यह ठगी की। आरोपियों से एक बार भी मुलाकात नहीं हुई। आरोपियों ने सभी पॉलिसी के मामले में 1.80 करोड़ रुपए लौटाने की बात कही। 24 जून 2021 में मामले की शिकायत की। नोयडा और दिल्ली के गिरोह के शामिल होने की बात सामने आई। ठगी के दौरान सिर्फ तीन मोबाइल नंबरों का उपयोग किया। मनीषा शर्मा व अनुज मेहता के खिलाफ केस दर्ज किया है। पुलिस के अनुसार, आरोपी महिला मनीषा शर्मा ने सबसे पहले पीड़ित से फोन पर बात करना शुरू किया। उसने खुद को आरबीआई का अफसर बताया। इसके बाद उसने अनुज मेहता से बात कराई। इसके बाद कांफ्रेंस में महिला अमित, एमएच चौटाला, अरुण मेहता और संजय मिश्रा से भी समय समय पर बड़ा अफसर बताकर बात कराई। पुलिस का कहना है कि इस तरह की ठगी दिल्ली और नोएडा की गैंग करती है। बीमा पॉलिसी और टावर लगाने का झांसा देकर ठगी करते हैं। इसके पहले खुर्सीपार की 55 वर्षीय बुजुर्ग से भी इसी तरह टॉवर लगाने और बीमा पॉलिसी के नाम पर 55 लाख रुपए की ठगी कर चुके है। पुलिस आरोपियों की खोजबीन में लगी है। यह भी पढ़े- पुलवामा में लश्कर के दो आतंकी मार गिराया, गोला बारूद बरामद “A Lot Of Ravindra Jadeja”: Watch Shaheen Afridi Bowl Left-Arm Spin In Nets, Video Goes Viral