रूस के प्रस्ताव पर भारत ने बनाई दूरी, तटस्थता की नीति बरकरार

रूस के प्रस्ताव पर भारत ने बनाई दूरी, तटस्थता की नीति बरकरार नई दिल्ली। यूएन सिक्योरिटी काउंसिल (UNSC) में यूक्रेन में मानवीय संकट पर रूस के प्रस्ताव पर भारत ने वोटिंग नहीं की। भारत के अलावा 12 अन्य सदस्यों के साथ उस प्रस्ताव पर खुद को अलग रखा। बाकी देशों से समर्थन नहीं मिलने के कारण संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद ने प्रस्ताव को स्वीकार नहीं किया। इसे सिर्फ रूस और चीन का समर्थन मिला था। रूस ने प्रस्ताव में कहा, "मानवीय कर्मी, महिलाएं और बच्चों सहित यूक्रेन के नागरिक पूरी तरह से सुरक्षित हैं। लोगों की सुरक्षित और तेजी से निकासी को सक्षम बनाने के लिए बातचीत के लिए संघर्ष विराम का आह्वान किया।” दरअसल, भारत ने ऐसा कर यूक्रेन और रूस युद्ध के मुद्दे पर अपनी तटस्थता को बरकरार रखा है। इससे पहले भारत यूएन में यूक्रेन मुद्दे पर रूस के खिलाफ पश्चिम देशों के प्रस्ताव पर भी दूरी बनाता आया है।  भारत समेत कुल 13 देशों ने रूस के प्रस्ताव पर वोटिंग में हिस्सा नहीं लिया। रूस ने इस प्रस्ताव को सीरिया, उत्तर कोरिया और बेलारूस के समर्थन से पेश किया था। लेकिन यह पास नहीं हो सका, क्योंकि इसे पास होने के लिए 9 वोट की जरूरत थी। रूस और चीन ने इस प्रस्ताव के समर्थन में वोट किया। वहीं  भारत और सिक्योरिटी काउंसिल के बाकी सदस्यों ने वोटिंग में हिस्सा नहीं लिया। यूएन का परमानेंट सदस्य रूस ने 15 सदस्यों की काउंसिल में प्रस्ताव पेश किया था। प्रस्ताव में रूस ने महिलाओं, बच्चों और मानवीय कर्मियों समेत सभी नागरिकों को सरंक्षित करने, रूस और यूक्रेन के बीच राजनीतिक वार्ता,  मध्यस्थता और अन्य शांतिपूर्ण तरीकों से समाधान करने की अपील की थी। यह भी पढ़े- केंद्रीय विश्वविद्यालयों में भर्ती के लिए CUET पास होना अनिवार्य, UGC ने दिया परीक्षा अपडेट “A Lot Of Ravindra Jadeja”: Watch Shaheen Afridi Bowl Left-Arm Spin In Nets, Video Goes Viral