धरना-प्रदर्शन पर रोक : पूर्व सीएम रमन सिंह ने कहा- भाजपा गृह विभाग के खिलाफ जाएगी कोर्ट रायपुर। गृह विभाग ने प्रदेश में धरना प्रदर्शन पर पाबंदी दी है। इस आदेश के खिलाफ भाजपा अब कोर्ट जाएगी। यह बात पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने कही है। उन्होंने कहा है प्रदेश में धरना, प्रदर्शन, जुलूस रैली पर पाबंदी लगाना ठीक नहीं है। अनियमित कर्मचारियों को नियमित करने का वादा पूरा करने की बजाय उनके आंदोलन को दबाया गया। नवा रायपुर में किसानों का पंडाल भी जबरन उखाड़ा गया। कांग्रेस की नीतियों से असंतुष्ट किसान, जनता और कर्मचारी खुलकर उनके विरोध में खड़े हो गए हैं तो उन्होंने दमनकारी नीतियों का खुलकर सहारा लेना शुरू किया है। क्या यह संभव है कि जिस प्रशासन का लोग विरोध करना चाहते हैं वो अपने ही खिलाफ धरना, प्रदर्शन, जुलूस, रैली की अनुमति देगा। यह भी पढ़े- गुरु तेग बहादुर जी की 400वीं जयंती : सीएम भूपेश का ऐलान, गढ़फूलझर बनेगा पर्यटन स्थल, जानिए इतिहास पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि भाजपा इस आदेश के खिलाफ न्यायालय जाएगी। प्रदेश की जनता, किसानों तथा प्रदेश के हित में काम कर रहे कर्मचारियों को उनके लोकतांत्रिक अधिकार से वंचित किए जाने के विरुद्ध संघर्ष करेगी। पूर्व मंत्री राजेश मूणत और बीजेपी के प्रदेश प्रवक्ता संजय श्रीवास्तव नवा रायपुर में चल रहे किसानों के आंदोलन को बंद करवाने और संविदा विद्युत कर्मियों के आंदोलन पर की गई कार्रवाई को गलत बताया। दोनों नेताओं ने कहा कि कांग्रेस ने आंदोलनरत किसानों, कर्मचारियों एवं मितानिनों के ऊपर पुलिसिया डर दिखाकर आंदोलन को कुचलने का प्रयास किया। छत्तीसगढ़ के गृह विभाग ने आदेश जारी कर कहा है कि अब किसी भी सार्वजनिक कार्यक्रम जैसे कि धरना प्रदर्शन, रैली को आयोजित करने से पहले कलेक्टर दफ्तर में एक फॉर्म भरकर जमा करना होगा। इसका बकायदा एक प्रारूप तैयार किया गया है। ये फार्म एसडीएम कार्यालय से आवेदन करते वक्त लिया जा सकेगा। इसमें आयोजक के पूरी जानकारी ली जाएगी।