सुखद या दुखद : राज्य के सीएम को एक पटवारी को निलंबित करने का आदेश देना पड़ा, क्यों

सुखद या दुखद : राज्य के सीएम को एक पटवारी को निलंबित करने का आदेश देना पड़ा, क्यों रामानुजगंज। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने आज फिर ग्रामीणों की शिकायत पर तत्काल फैसला लिया। एक पटवारी को निलंबित कर दिया। इस फैसले से ग्रामीण खुशी हुए। लेकिन ये बेहद दुख की बात है। एक पटवारी जैसे कर्मचारी को मुख्यमंत्री को निलंबित करना पड़ रहा है। ये तो शर्मनाक बात है। ऐसी ही बात सीएम भूपेश खुद कह चुके है। जब पहले दिन निलंबन की कार्रवाई की थी। मंच से उन्होंने अधिकारियों को जमकर फटकार लगाई थी। देखें वीडियो-https://www.youtube.com/shorts/9bmsewZ_sTc https://www.youtube.com/shorts/9bmsewZ_sTc जमीनी स्तर पर मनमानी : महिला का गरीबी रेखा से नाम कटने पर CMO सस्पेंड, सीएम भूपेश ने लिया एक्शन गौरतलब है कि मुख्यमंत्री बघेल आज भेंट मुलाकात कार्यक्रम के दूसरे दिन विधानसभा क्षेत्र रामानुजगंज के दौरे पर हैं। इस दौरान लगातार औचक निरिक्षण और जन संवाद का दौर जारी है। इस बीच मुख्यमंत्री की ताबड़तोड़ कार्रवाई की खबरें सामने आई। सीएम ने रघुनाथनगर की चौपाल में आम नागरिकों ने पटवारी की शिकायत कर दी। इस शिकायत पर तत्काल कार्यवाही करते हुए ग्राम केन्वारी के पटवारी पन्नालाल सोनवानी को निलंबित करने के निर्देश दिए। https://twitter.com/bhupeshbaghel/status/1522488325550276608?t=p18SYB1ah4pQCU-AlDy0GQ&s=08 बता दें कि पटवारी के खिलाफ किसानों से रिश्वत लेने की शिकायतें की गई थी। जिसके बाद सीएम के रोष का कोप पटवारी पर निकल पड़ा। इंजीनियर सस्पेंड : कामकाज में लापरवाही की शिकायत, सीएम भूपेश ने EE को किया निलंबित

कुसमी नगर पंचायत CMO एसके दुबे को सस्पेंड

सीएम ने दौरे के पहले दिन सामरी विधानसभा के कुसमी नगर पंचायत CMO एसके दुबे को सस्पेंड किया। दरअसल, एक महिला ने गरीबी रेखा से नाम कटने की शिकायत मुख्यमंत्री बघेल से की। सीएम को बताया कि नाम कटने से राशन के लिए भटक रही है। जिसके बाद सीएम ने तत्काल ही मौके पर कुसमी नगर पंचायत के CMO को सस्पेंड करने का आदेश दिया। और नगरीय निकाय विभाग ने सीएमओ के सस्पेंशन का आर्डर भी जारी कर दिया। एसके दुबे को अंबिकापुर संयुक्त संचालक कार्यालय में अटैच किया गया है।

बलरामपुर में एक्जीक्यूटिव इंजीनियर निलंबित

बलरामपुर के दौरे में आम लोगों ने गुरुवार को मुख्यमंत्री को कन्हार अन्तर्राज्यीय सिंचाई परियोजना के प्रभावितों को मुआवजा वितरण में देरी और समय पर व्यवस्थापन ना होने की शिकायत की। इसके बाद मुख्यमंत्री ने मौके पर ही जल संसाधन विभाग के एक्जीक्यूटिव इंजीनियर को निलंबित करने का निर्देश दे दिया। इसके कुछ ही देर बाद EE के निलंबन का आदेश भी मुख्यालय से जारी कर दिया गया। इंजीनियर का नाम उमाशंकर राम है। वे कार्यालय अधीक्षण अभियंता, श्याम बरमई परियोजना मंडल अंबिकापुर में पदस्थ हैं। निलंबन के दौरान उनका कार्यालय मुख्य अभियंता मिनीमाता हसदेव बांगो परियोजना बिलासपुर निर्धारित रहेगा। CGPSC ने परीक्षा तारीखों की घोषणा की, 171 पदों पर होगी भर्ती “A Lot Of Ravindra Jadeja”: Watch Shaheen Afridi Bowl Left-Arm Spin In Nets, Video Goes Vir