मंत्री टीएस सिंहदेव बोले- भूपेश बघेल कप्तान और हम खिलाड़ी

मंत्री टीएस सिंहदेव बोले- भूपेश बघेल कप्तान और हम खिलाड़ी रायपुर। स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंहदेव जिलेवार दौरों का पहला चरण पूरा कर शनिवार को रायपुर लौट आए। मंत्री का दौरा चार मई से शुरू हुआ था। इस दौरे के दौरान वे दंतेवाड़ा, जगदलपुर, कांकेर और धमतरी जिलों में योजनाओं की समीक्षा की। साथ ही कार्यकर्ताओं, आम लोगों और सामाजिक-राजनीतिक संगठनों से फीडबैक लिया। रायपुर में अपने निवास पर पत्रकारों से चर्चा के दौरान सिंहदेव बोले, उनकी सरकार ने जो चुनावी वादा किया था उनमें से अधिकांश को अक्षरशः: पूरा किया है। लेकिन कुछ अभी भी बच गए हैं। उनको पूरा नहीं किया तो चुनाव में मुंह दिखाने लायक नहीं रहेंगे। छत्तीसगढ़ मनरेगा कर्मचारी महासंघ की मांगों पर मंत्री टीएस सिंहदेव ने क्या कह दिया, देखिये VIDEO  स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंहदेव ने कहा, मैं गया तो था अपने पांच विभागों के कार्यों की समीक्षा के लिए, लेकिन जो मिलने आए उनसे बहुत सारी बाते हुईं। विभाग के बाहर की भी बहुत सारी बातें हुईं। लोगों ने स्मरण दिलाया कि हम तो आप को जानते हैं। आप बोले थे, अब करो। मैंने कहा, भाई नहीं होगा तो अगले चुनाव से पहले मुंह दिखाने लायक भी नहीं रहेंगे। हसदेव के ग्रामीणों का किया समर्थन स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंहदेव ने परसा कोल ब्लॉक के विरोध में आंदोलन कर रहे हसदेव अरण्य क्षेत्र के ग्रामीणों की मांग का समर्थन किया है। उन्होंने कहा, यह उनके विधानसभा क्षेत्र का ही मामला है। वहां तीन गांव हैं फतेहपुर, हरिहरपुर और साल्ही। वहां के अधिकांश लोगों का कहना है, उनकी ग्राम सभा ने खदान के समर्थन में कोई प्रस्ताव पारित नहीं किया। जिस प्रस्ताव के आधार पर मंजूरी मिली है वह फर्जी है। इसकी जांच क्यों नहीं होनी चाहिए। वहां एक बार और ग्राम सभा करा लेने में क्या दिक्कत है। अगर पिछली ग्राम सभा सही थी तो इस बार भी प्रस्ताव पारित हो जाएगा।

भूपेश बघेल कप्तान और हम खिलाड़ी

मुख्यमंत्री की सरगुजा और मंत्री सिंहदेव की बस्तर यात्रा को लेकर भाजपा नेे टिप्पणी की है। इस पर सिंहदेव ने कहा कि मुख्यमंत्री भूपेश बघेल कप्तान हैं और हम खिलाड़ी। कोई लड़ाई नहीं है। सब मिलकर क्षेत्र में दौरा कर रहे हैं। उत्तर और दक्षिण से यात्रा भले ही शुरू हुई है, लेकिन एक ही जगह पर मिलेंगे। उन्होंने कहा कि घोषणा पत्र में वादों को शामिल किया गया, तो सरकार की नैतिक जिम्मेदारी है कि उन्हें पूरा किया जाए।

सरकार के साढ़े तीन साल हो गए

ढाई-ढाई साल के फार्मूले पर सिंहदेव ने कहा कि अब तो साढ़े तीन साल हो गए हैं। बस्तर प्रवास के दौरान वहां के अधिकारियों के रवैये पर स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि कैबिनेट की अवधारणा में सभी मंत्री बराबर हैं। मुख्यमंत्री अगुवा होते हैं। अधिकारियों को इतना शिष्टाचारवश मुलाकात करने आ सकते थे। इसके लिए मैं शिकायत नहीं करूंगा, क्योंकि इज्जत देना आप नहीं सिखा सकते। देखिये वीडियो- सुखद या दुखद : राज्य के सीएम को एक पटवारी को निलंबित करने का आदेश देना पड़ा, क्यों