स्कूलों में शिक्षकों का नया सेटअप, छात्रों की संख्या घटने पर होंगे कम शिक्षक, जानिए प्राथमिक, मिडिल समेत सभी स्कूल का सेटअप

स्कूलों में शिक्षकों का नया सेटअप, छात्रों की संख्या घटने पर होंगे कम शिक्षक, जानिए प्राथमिक, मिडिल समेत सभी स्कूल का सेटअप रायपुर। स्कूल शिक्षा विभाग ने स्कूलों में शिक्षकों का नया सेटअप तैयार किया। लेकिन इस सेटअप में पदों में कटौती कर दी है। अब विद्यार्थियों की दर्ज संख्या के आधार पर ही शिक्षक नियुक्त होंगे। नए सेटअप के अनुसार, हाई स्कूलों में 220 से कम विद्यार्थी हुए तो एक प्राचार्य और 5 व्याख्याता होंगे। ऐसे में वहां संस्कृत का शिक्षक नहीं होगा। इस तरह प्राइमरी, मिडिल, हाई और हायर सेकेंडरी स्कूलों के सेटअप में बदलाव किया गया है। ऐसा होगा सेटअप

प्राथमिक स्कूल- 80 विद्यार्थियों पर प्रधानपाठक समेत 3 शिक्षक

प्राथमिक स्कूल में 80 विद्यार्थियों पर प्रधानपाठक समेत 3 शिक्षक, इसके बाद 30 दर्ज संख्या बढ़ने पर एक अतिरिक्त शिक्षक मिलेगा। हालांकि 15 विद्यार्थी बढ़ने पर पद स्वीकृत होगा। दूसरे शब्दों में 96 दर्ज संख्या पर ही तीसरा शिक्षक मिलेगा। 126 दर्ज संख्या पर चौथा शिक्षक मिलेगा।अभी तक प्राइमरी में प्रधानपाठक समेत 5 शिक्षक होते थे।

मिडिल स्कूल- 30 विद्यार्थियों से कम होने पर प्रधानपाठक नहीं

इन स्कूलों में 30 विद्यार्थियों से कम होने पर प्रधानपाठक नहीं, केवल 4 शिक्षक ही मिलेंगे। 31 से 50 विद्यार्थियों पर प्रधानपाठक और 3 शिक्षक होंगे। 140 तक कोई अतिरिक्त शिक्षक नहीं मिलेगा। 201 या इससे अधिक विद्यार्थी होने पर प्रधानपाठक और 4 शिक्षक होंगे। मिडिल स्कूल में अभी तक प्रधानपाठक समेत 4 शिक्षक होते थे।

हाई स्कूल- 220 छात्रों पर एक प्राचार्य, 5 व्याख्याता

हाई स्कूल में 220 छात्रों पर एक प्राचार्य व पांच व्याख्याता होंगे। इसके बाद 40 दर्ज संख्या बढ़ने पर ही एक अतिरिक्त शिक्षक मिलेगा। 221 दर्ज संख्या होने पर छठवें व्याख्याता का पद स्वीकृत होगा जो कि संस्कृत विषय का होगा। 261 दर्ज संख्या पर सातवां, 321 दर्ज संख्या पर आठवां, 361 दर्ज संख्या पर नौवां और 401 दर्ज संख्या होने पर 10वां पद स्वीकृत होगा। हाई स्कूल में अभी तक प्राचार्य समेत 10 व्याख्याता होते थे।

हायर सेकेंडरी स्कूल- हर विषय पर एक पद

हायर सेकेंडरी स्कूलों में प्राचार्य समेत हिंदी, अंग्रेजी, गण्ाित, जीव विज्ञान, रसायन, भौतिकी, इतिहास, राजनीति,भूगोल, अर्थशास्त्र के लिए दर्ज संख्या के अनुसार एक-एक पद होंगे। 200 दर्ज संख्या तक हर विषय के लिए एक ही पद होेगा। न्यूनतम नौ पद स्वीकृत होगा। अभी प्राचार्य समेत 12 पद होते थे। स्कूल शिक्षा मंत्री प्रेमसाय सिंह टेकाम का कहना है कि अभी तक मनमाना सेटअप होने के कारण जहां बच्चे कम हैं, वहां ज्यादा शिक्षक थे। इसलिए नए सिरे से सेटअप तय कर दिया गया है, ताकि जहां बच्चे अधिक हैं, वहां शिक्षक मिल सकें। बूढ़ा तालाब धरना स्थल पर नहीं गूजेंगी संगठनों की आवाज, सरकार ने बदल दिया नियम, अब इस स्थान पर करना होगा आंदोलन “A Lot Of Ravindra Jadeja”: Watch Shaheen Afridi Bowl Left-Arm Spin In Nets, Video Goes Vir