कलेक्टर और संसदीय सचिव ने किया सरकारी अस्पताल का निरीक्षण, फिर दो डॉक्टरों के साथ हुई मारपीट, सौंपा इस्तीफा

कलेक्टर और संसदीय सचिव ने किया सरकारी अस्पताल का निरीक्षण, फिर दो डॉक्टरों के साथ हुई मारपीट, सौंपा इस्तीफा जशपुर। दुलदुला सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में बुधवार की आधी रात दो डॉक्टरों के साथ मारपीट की घटना सामने आई। इसका यह वीडियो सोशल मीडिया में वायरल हो रहा है। मारपीट का आरोप संसदीय सचिव यूडी मिंज के साथ गए लोगों पर लगा है।  दरअसल, कलेक्टर रितेश अग्रवाल और संसदीय सचिव यूडी मिंज आधी रात सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का जायजा लेने पहुंचे। तभी यह घटना हो गई। इस घटना से आहत डॉक्टर नीतीश आनंद सोनवानी और डॉ. मानिक ने तत्काल बीएमओ को अपना इस्तीफा दे दिया। जब बवाल मचा तब कलेक्टर ने जांच के लिए टीम गठित कर दी है। जानकारी के अनुसार, दुलदुला प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में देर रात करीब 11.45 बजे कलेक्टर रितेश अग्रवाल और संसदीय सचिव यूडी मिंज निरीक्षण के लिए पहुंचे थे। इस दौरान नशे में धुत्त कुछ लोगों ने डाक्टरों के साथ मारपीट की और डाक्टरों के साथ धक्का मुकी शुरू कर दी। हालांकि खबरें ये आ रही है कि कलेक्टर और संसदीय सचिव के निरीक्षण से जाने के बाद ये मारपीट हुई है। लेकिन पत्र में कलेक्टर और संसदीय सचिव का भी नाम डाक्टरों ने जिक्र किया है। सोशल मीडिया में वायरल वीडियों में साफ नजर आ रहा है कि एक काले टी शर्ट में पहना युवक दौड़कर डाक्टर के पास पहुंचता है और फिस मारपीट करने लगता है। उस दौरान कुछ लोग और भी खड़े नजर आ रहे हैं। हालांकि वो स्वास्थ्यकर्मी हैं या फिर निरीक्षण दल के साथ आये हुए लोग, इस बारे में जानकारी नहीं मिल पाई है। पीड़ित  डॉ सोनवानी ने एक मीडिया को बताया कि रात करीब 11.3-11.45 बजे संसदीय सचिव और कलेक्टर साहब आये थे। उनके साथ कुछ लोग और भी थे। कलेक्टर व संसदीय सचिव के निरीक्षण तक तो सबकुछ ठीक था, लेकिन जब कलेक्टर व संसदीय सचिव जाने लगे तो कुछ साथ आये लोगों ने डाक्टरों से उलझना शुरू कर दिया। बार-बार वो कह रहे थे कि तुम लोग क्लिनिक चलाते हों, हम लोगों में से कोई भी चाहे डा माणिक हो या मैं…..कोई भी क्लिनिक नहीं चलाते हैं। अगर कोई मरीज घर आ जाता है तो उसे देख लेते हैं, लेकिन वो बार-बार क्लिनिक के मुद्दे पर विवाद कर रहे थे। विवाद जब बढ़ने लगा तो हम लोग हॉस्पिटल के अंदर आने लगे, इसी बीच एक काले टी शर्ट पहना युवक आया और डॉक्टर मानिक को मारने लगा। मुझे लगा कि वो नशे में है। इस मामले में मैंने और डाक्टर माणिक ने इस्तीफा बीएमओ मैडम को दे दिया है। जब तक कार्रवाई नहीं होगी, हम लोग ड्यूटी ज्वाइन नहीं करेंगे। युवक की खून से सनी लाश मिली, शव पर चोट के कई निशान, इलाके में मची सनसनी

 आधी रात जांच करने पर सवाल

कलेक्टर और संसदीय सचिव के आधी रात जांच में पहुंचने को लेकर भी लोग सवाल कर रहे हैं। अमूमन अफसर व्यवस्था की जांच करने के लिए दिन या रात में औचक निरीक्षण करने के लिए पहुंचते हैं। ऐसी स्थिति में उनके साथ संबंधित विभाग के लोग, प्रशासनिक व पुलिस अधिकारी होते हैं। डॉक्टरों ने आरोप लगाया है कि संसदीय सचिव के कार्यकर्ताओं ने नशे में अभद्र व्यवहार किया है, जबकि अब अफसर और संसदीय सचिव सफाई दी रहे हैं कि उनके जाने के बाद घटना हुई होगी।

कलेक्टर ने जांच दल गठित की

जशपुर कलेक्टर रितेश कुमार अग्रवाल ने जिले के सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र दुलदुला में पदस्थ चिकित्सकों के साथ 25 एवं 26 मई 2022 की देर रात्रि को चिकित्सालय परिसर में तथाकथित रूप से दुर्वव्यहार एवं मारपीट की शिकायत सोशल मीडिया एवं समाचार पोर्टलों से प्राप्त होने पर उक्त घटना की सर्वाेच्च प्राथमिकता से तथ्यात्मक जांच करने दल गठित किया है। गठित दल में अपर जिला मजिस्ट्रेट आई.एल.ठाकुर को समिति का अध्यक्ष, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी रंजीत टोप्पो, संयुक्त कलेक्टर योगेन्द्र श्रीवास एवं सिविल सर्जन सह मुख्य अस्पताल अधीक्षक आर.एन.केरकेट्टा को सदस्य बनाया गया है। कलेक्टर ने गठित जांच टीम को मामले की गंभीरता से जांच करके रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। क्लिक कर पढ़े- कोरोना महामारी में दिवंगत मनरेगा कर्मचारियों को दी श्रद्धांजलि, परिजन बोले- सरकार ने सामाजिक सुरक्षा का नहीं दिया ध्यान, अब सब्र का बांध टूटा PM Modi’s success proves democracies can deliver: Biden praises India’s Covid war