छत्‍तीसगढ़ भाजपा का प्रदेश अध्यक्ष बदला गया, सांसद अरुण साव को मिली जिम्मेदारी, जानिए क्यों

छत्‍तीसगढ़ भाजपा का प्रदेश अध्यक्ष बदला, सांसद अरुण साव को मिली जिम्मेदारी, जानिए क्यों रायपुर। छत्‍तीसगढ़ विधानसभा चुनाव से पहले प्रदेश भाजपा ने अपना प्रदेश अध्यक्ष बदल दिया है। अब प्रदेश भाजपा के नए अध्यक्ष प्रदेश अध्यक्ष बिलासपुर सांसद अरुण साव होंगे। भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा नेताओं को प्रदेश अध्यक्ष बनाने की घोषणा की। संघ पृष्ठभूमि से आने वाले साव शांत और सौम्य नेता के रूप में पहचान रखते हैं। वह पिछले लोकसभा चुनाव में पहली बार बिलासपुर सीट से जीते हैं। विधानसभा चुनाव को देखते हुए भाजपा संगठन ने बड़ा फेरबदल किया है। ओबीसी वर्ग (साहू समाज) से आने वाले अरुण को प्रदेश अध्यक्ष की कमान देकर भाजपा ओबीसी वोटरों को साधने की कोशिश में है। साहू को प्रदेश अध्यक्ष की कमान सौंपने के पीछे तर्क यह दिया जा रहा है कि वह ओबीसी वर्ग से आते हैं। साथ ही भाजपा प्रदेश के पांचों संभाग में सबसे ज्यादा मजबूत स्थिति में बिलासपुर संभाग में है। ऐसे में प्रदेश अध्यक्ष की कमान बिलासपुर के ओबीसी नेता को सौंपी गई है। पूर्व प्रदेश अध्यक्ष विष्णु देव साय आदिवासी वर्ग से आते हैं और कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष के रूप में आदिवासी विधायक मोहन मरकाम जिम्मेदारी संभाल रहे हैं। विश्व आदिवासी दिवस के दिन ही विष्णुदेव साय को हटा दिया गया।  आगामी विधानसभा चुनाव को देखते हुए भाजपा ने क्षेत्रीय संगठन मंत्री के रूप में अजय जामवाल की नियुक्ति की। जामवाल ने तीन दिन में प्रदेश पदाधिकारियों, कोर ग्रुप और विधायक दल की बैठक के बाद एक रिपोर्ट केंद्रीय संगठन को सौंपी थी। इस रिपोर्ट के बाद विष्णुदेव साय को प्रदेश अध्यक्ष पद से हटाने का फैसला लिया गया। दिल्ली में भाजपा केंद्रीय नेतृत्व ने अजय जामवाल प्रदेश प्रभारी नितिन नबीन और विष्णु देव राय के साथ बैठक भी की थी।

कौन है अरुण साव (who is arun sau)

अरुण साव का जन्म मुंगेली जिले के लोहड़िया गांव में हुआ है। अब मुंगेली के कबीर वार्ड उनका निवास है। बीकाम एसएनजी कालेज से और एलएलबी बिलासपुर से किया है। वे 80 के दशक में मुंगेली के मंडल अध्यक्ष रहे। 1977 से 2000 तक राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के कार्यों में जुटे रहे। 
  • 1996 से 2005 तक भारतीय जनता युवा मोर्चा में विभिन्न पदों पर रहे।
  • 1998 में दशरंगपुर से जनपद पंचायत के दसय के पद के लिए भाजपा प्रत्याशी के रूप में चुनाव लड़ा। 
  • 1996 से मुंगेली, 2001 में उच्च न्यायालय बिलासपुर में वकालत किया।
  • 2004 में छत्तीसगढ़ शासन के पैनल  लायल
  • 2005-07 तक उप शासकीय अधिवक्ता
  • 2008 से 2018 तक उप महाधिवक्ता छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के पद पर कार्यरत रहे।