कोरिया। ठगी करने वाले गिरोह के मारस्टर माइंड को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी युवती ने युवक को सहारा कंपनी से मानहानि की राशि 70 लाख रुपए दिलाने के नाम पर झांसा दिया था। SEBI ( भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड ) के अधिकारी बनकर प्रार्थी से 13 लाख 78 हजार रुपए ठग लिया था। गिरोह की मास्टर माइंड के पास से 9 मोबाइल, 9 एटीएम कार्ड, 2 आधार कार्ड, 1 पैन कार्ड जब्त किया गया है। पुलिस के मुताबिक, प्रार्थी विजय कुमार ने 1 सितंबर 2020 को थाना मनेन्द्रगढ आकर शिकायत दर्ज कराई थी। एक दिन उसे अंजली नाम की महिला का फोन आया, जिसने सहारा कपंनी में आपका पैसा जमा है। कहकर बातचीत शुरू की। खुद को SEBI ( भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड ) हैदराबाद का अधिकारी बताया। उन्होंने कहा कि मेरा पहले से सहारा में पैसा जमा था। इसलिए मैं उनकी बातों में आकर लगातार बात करता रहता रहा। प्रार्थी ने कहा कि 6 लोग अंजली शर्मा, उल्लास मधुकर, रघुवीर सिंह, एसके मदन, अर्चना मल्होत्रा ने सहारा कपंनी से 70 लाख रुपए का क्लेम दिलाने के नाम से मुझसे 13 लाख 78 हजार 100 रुपए क्लेम और अन्य प्रोसेसिंग फीस के नाम पर ठगी की। रिपोर्ट पर थाना मनेन्द्रगढ में अपराध दर्ज किया गया। एसपी संतोष सिंह द्वारा लगातार पुराने और अनसुलझे मामलों की मॉनिटरिंग की जा रही थी। केस लगातार मामले को सुलझाने के लिए प्रयास किए जा रहे थे। इसी आधार पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक मधुलिका सिंह और एसडीओपी मनेन्द्रगढ राकेश कुमार कुर्रे के निर्देश में टीम गठित की गई। इस मामले की विवेचना के लिए तकनीक विश्लेषण और बैंक ट्रांजेक्टशन की डिटेल प्राप्त कर एक कार्य योजना तैयार की गई। प्रार्थी द्वारा बात किए गए नंबर जो घटना के बाद बंद हो गए थे। प्रार्थी जिस अकाउंट में पैसा डाला था, उस अकाउंट को भी वेरिफाई किया गया। इन्ही आधार पर थाना मनेन्द्रगढ और साइबर सेल संयुक्त टीम ने दिल्ली में कैंप कर आरोपियों को पतासाजी की जा रही थी। इसी दौरान आरोपियों नैना सिंह अशोक नगर मंडोली दिल्ली को घेराबंदी कर पकड़ा। पूछताछ के दौरान आरोपियों ने बताया कि वह किराया का ऑफिस लेकर किराए के लड़के, लड़कियां रखकर इस प्रकार का कृत्य करते हैं। प्रार्थी ने जिस एमओएफ सर्विसेज के अकाउंट में पैसा डाला था, वह कंपनी आरोपिया नैना सिंह के नाम से रजिस्ट्रड है। उक्त खाते में भी नैना सिंह के नाम से राशि आहरण की गई। आरोपी नैना सिंह के पास से विभिन्न कंपनियों के 9 मोबाइल, 9 एटीएम कार्ड, 2 आधार कार्ड, 1 पेन कार्ड जब्त कर आरोपिया को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया। आरोपिया युवती ने बताया कि अन्य साथियों के बारे में पता तलाश की जा रही है।