सरपंचों का मानदेय बढ़ेगा, जनपद और जिला पंचायत अध्यक्ष का भी बढ़ा, पंचायती राज सम्मेलन में सीएम भूपेश बघेल ने की बड़ी घोषणा
सरपंचों का मानदेय बढ़ेगा, जनपद और जिला पंचायत अध्यक्ष का भी बढ़ा, पंचायती राज सम्मेलन में सीएम भूपेश बघेल ने की बड़ी घोषणा
रायपुर। राजधानी रायपुर के इनडोर स्टेडियम में आयोजित पंचायती राज सम्मेलन में आज सीएम भूपेश बघेल ने बड़ी घोषणा की है। मुख्यमंत्री ने कहा कि जिला पंचायत और जनपद पंचायत, सरपंच के जनप्रतिनिधियों की बहुत मांगे है। जिसकी आज मैं घोषणा करता हूं। छत्तीसगढ़ के सरपंच को मिलेगा 4 हजार मानदेय(Chhattisgarh Sarpanchs 4 thousand honorarium) बघेल ने सरपंचों की मांग पर सरपंचों का मानदेय बढ़ाने का ऐलान किया। उन्होंने कहा कि मानदेय 2 हजार बढ़ाकर अब 4 हजार किया किया है। साथ ही 50 लाख तक के काम की स्वीकृति का अधिकार भी दिया गया। अभी 20 लाख रुपए स्वीकृति के अधिकार थे। वहींसरपंचों के लिए जल्द ही नए एचओरआर को लागू करने की बात कही। पंच का मानदेय 2 सौ रुपए से बढ़ाकर 5 सौ रुपए करने की घोषणा की।
अध्यक्ष का मानदेय बढ़ाया और नया गाडी भी मिलेगा
जनपद अध्यक्ष और जिला पंचायत अध्यक्ष को नया गाड़ी मिलेगा। साथ ही जिला पंचायत अध्यक्ष को 25 हजार रुपए मानदेय दिया जाएगा। जिला पंचायत उपाध्यक्ष को 15 हजार रुपए मानदेय मिलेगा। जिला पंचायत सदस्य का मानदेय 6 से बढ़ाकर 10 हजार करने की घोषणा की।
सरपंच प्रतिनिधि के मांगों के लिए कमेटी गठित
मांगों को लेकर पंचायत मंत्री की अध्यक्षता में कमेटी गठित करने की घोषणा की है। सीएम ने कहा कि बहुत जल्द मांगों का परीक्षण कर घोषणा करूंगा।
सीएम भूपेश बघेल की घोषणाएं विस्तार से पढ़े-
जिला/जनपद पंचायत अध्यक्ष के समक्ष नोटशीट प्रस्तुत करने के संबंध में छत्तीसगढ़ शासन पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग द्वारा संचालित राज्य बजट की योजनाओं के क्रियान्वयन में नोटशीट जिला / जनपद पंचायतों के अध्यक्षों के समक्ष अनुमोदन हेतु प्रस्तुत किए जाएंगे केन्द्र सरकार की योजनाओं के लिये यह लागू नहीं होगा।
जिला पंचायत अध्यक्ष एवं जनपद पंचायत अध्यक्ष को वित्तीय अधिकार छत्तीसगढ़ शासन, पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग द्वारा संचालित राज्य बजट की योजनाओं के राशि का भुगतान पूर्व संबंधित अध्यक्ष द्वारा नस्ती पर अनुमोदन पश्चात मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिला पंचायत एवं वरिष्ठ लेखाधिकारी / सहायक लेखाधिकारी के संयुक्त हस्ताक्षर से तथा जनपद के मामले मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत एवं सहायक लेखाधिकारी उसकी अनुपस्थिति में कलेक्टर द्वारा प्राधिकृत किसी अधिकारी के संयुक्त हस्ताक्षर से भुगतान किया जायेगा।
जिला पंचायत अध्यक्षों को अध्यक्ष निधि प्रदान करने के संबंध में
जिला पंचायत अध्यक्ष के लिए प्रतिवर्ष 15 लाख रूपए, जिला पंचायत उपाध्यक्ष के लिए 10 लाख रूपए तथा जिला पंचायत सदस्य के लिये 4 लाख रूपए, जनपद पंचायत अध्यक्ष के लिए 5 लाख रूपये, जनपद पंचायत उपाध्यक्ष के लिये 3 लाख रूपए तथा जनपद पंचायत सदस्य के लिये 2 लाख रूपए निधि प्रदाय किए जाएगा। इस प्रकार कुल 45 करोड़ रूपए के बजट प्रावधान को पुनर्विनियोजन के माध्यम किया जायेगा।
जिला पंचायत के अधिकारियों एवं कर्मचारियों के गोपनीय चरित्रावली लिखे जाने के संबंध में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी के गोपनीय प्रतिवेदन में मुख्य कार्यपालन अधिकारी के जिला पंचायत के सचिव के रूप में किये गये कार्यदायित्व के संबंध में अध्यक्ष, जिला पंचायत गोपनीय प्रतिवेदन लिखने वाले प्रतिवेदक अधिकारी (कलेक्टर) को अपना अभिमत संसूचित करेगा।
जनपद पंचा. के अधिकारियों एवं कर्मचारियों के गोपनीय चरित्रावली लिखे जाने के संबंध में जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी के गोपनीय प्रतिवेदन में मुख्य कार्यपालन अधिकारी के जनपद पंचायत के सचिव के रूप में किये गये कार्यदायित्य के संबंध में अध्यक्ष, जनपद पंचायत गोपनीय प्रतिवेदन लिखने वाले प्रतिवेदक अधिकारी (मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिला पंचायत) को अपना अभिमत संसूचित करेगा।
जिला जनपद पंचायत अध्यक्ष/उपाध्यक्ष को वाहन उपलब्ध कराने संबंध में जिला पंचायत अध्यक्ष को वाहन उपलब्ध कराये जाने हेतु पूर्व 2 करोड रूपए प्रतिवर्ष व्यय की सहमति दी गई है। जनपद पंचायत अध्यक्ष को वाहन उपलब्ध कराये जाने हेतु 6.13 करोड़ रूपए की अतिरिक्त व्यय की स्वीकृति दी जायेगी।
सरपंचों के मानदेय को 2 हजार रूपए बढ़ाकर 4 हजार रूपए करने की घोषणा।
जिला पंचायत अध्यक्षों का मानदेय 15 हजार रूपए से बढ़ाकर 25 हजार रूपए करने, जिला पंचायत उपाध्यक्ष का मानदेय 10 हजार रूपए से बढ़ाकर 15 हजार रूपए और जिला पंचायत सदस्य का मानदेय 6 हजार रूपए से बढ़ाकर 10 हजार रूपए करने की घोषणा।
सरपंचों को अब 50 लाख रूपए की लागत तक के कार्य कराने का अधिकार होगा।
नया संशोधित एसओआर जल्द लागू होगा।
ग्राम पंचायतों के पंचों को बैठक के लिए मिलने वाले 200 रूपए के भत्ते को बढ़ाकर 500 रूपए करने की घोषणा।
पंचायती राज संस्थाओं के पदाधिकारियों की अन्य मांगों पर विचार करने के लिए पंचायत मंत्री की अध्यक्षता में कमेटी गठित करने की घोषणा।
पंचायत प्रतिनिधियों ने कोरोना काल में किया अच्छा काम