पेट्रोल-डीजल के दाम घटे, सीएम भूपेश ने VAT कम करने की घोषणा की...
पेट्रोल-डीजल के दाम घटे, सीएम भूपेश ने VAT कम करने की घोषणा की...
रायपुर। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कैबिनेट की बैठक में बड़ा फैसला लिया है। पेट्रोल पर 1 फीसदी और डीजल पर 2 फीसदी वैट (VAT) कम करने का फैसला लिया है। इससे सरकार पर 1 हजार करोड़ रुपए का अतिरिक्त भार आएगा।
कीमत में मामूली अंतर
सरकार के फैसले के बाद पेट्रोल की कीमत में 78 से 90 पैसे और डीजल की कीमत में प्रति लीटर करीब 1.44 रुपए कमी आएगी। पेट्रोल-डीजल के दामों में मामूली कमी के बाद अब राजधानी में पेट्रोल 100 रुपए प्रति लीटर और डीजल 92 रुपए प्रति लीटर बेचा जा सकेगा।
ट्वीट कर दी जानकारी
सीएमओ छत्तीसगढ़ ने ट्वीट कर बताया कि मुख्यमंत्री द्वारा #छत्तीसगढ़ की जनता को बड़ी राहत देते हुए कैबिनेट में लिए गए महत्वपूर्ण निर्णय पेट्रोल-डीज़ल के दाम में की गयी बड़ी कटौती डीज़ल में VAT पर 2% की कमीमुख्यमंत्री @bhupeshbaghel द्वारा #छत्तीसगढ़ की जनता को बड़ी राहत देते हुए कैबिनेट में लिए गए महत्वपूर्ण निर्णय पेट्रोल-डीज़ल के दाम में की गयी बड़ी कटौती डीज़ल में VAT पर 2% की कमी (1/2)
https://twitter.com/ChhattisgarhCMO/status/1462704749396967426
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की अध्यक्षता में सोमवार को छत्तीसगढ़ कैबिनेट की बैठक हुई। इसमें कई रियायतों का प्रस्ताव दिया गया इस पर सरकार ने कहा कि वह VAT में 1 और 2 प्रतिशत की कमी की घोषणा करती है। पेट्रोल पर 1 फीसदी वैट कम किया गया है और डीजल में 2 फीसदी वैट कम किया गया है। बताया जा रहा है कि वाणिज्यिक कर विभाग ने पेट्रोल-डीजल पर VAT कटौती का प्रस्ताव दिया है। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के निर्देश पर यह प्रस्ताव सभी पड़ोसी राज्यों में VAT की दर और पेट्रोल-डीजल की कीमतों के अध्ययन के आधार पर तैयार किया गया है। राजधानी रायपुर में इस समय पेट्रोल की कीमत 101.88 रुपए प्रति लीटर है। वहीं डीजल 93.86 रुपया प्रति लीटर की दर से बेचा जा रहा है। पड़ोसी राज्यों में उत्तर प्रदेश और झारखंड को छोड़कर सभी राज्यों में पेट्रोल की कीमतें यहां से अधिक हैं। जबकि डीजल के मामले में केवल महाराष्ट्र और आंध्र-तेलंगाना में कीमतें छत्तीसगढ़ से अधिक हैं।
छत्तीसगढ में स्कूल शुरु होंगे
दो साल बाद छत्तीसगढ में स्कूल शुरु हो रहे हैं। कैबिनेट ने आज इस पर भी मुहर लगा दी है। स्कूल अब उसी तर्ज़ पर खुलेंगे जैसे कि कोरोना काल के पहले थे। अभी 50 फीसदी उपस्थिति के साथ स्कूल खुल रहे थे।
मिलर्स को पेनाल्टी मुक्त किया
वहीं एक अहम फ़ैसले में राज्य सरकार ने मिलर्स को पेनाल्टी से मुक्त कर दिया है। विभिन्न कारणों से मिलर्स पर धान की कस्टम मिलिंग को लेकर पैनल्टी थी, इसे राज्य सरकार ने माफ़ कर दिया है। यह राशि क़रीब डेढ़ सौ करोड़ की है।