कवर्धा सांप्रदायिक हिंसा, भाजपा नेता सीएम हाउस घेरने निकले, हुए गिरफ्तार
कवर्धा सांप्रदायिक हिंसा, भाजपा नेता सीएम हाउस घेरने निकले, हुए गिरफ्तार
रायपुर। कवर्धा में साम्प्रदायिक हिंसा का मामला थम चुका है। लेकिन भाजपा लगातार कार्रवाई को लेकर सवाल उठा रहा है। आज कवर्धा मुद्दे पर भाजपा एक बार फिर सड़क पर उतरी। प्रदेश अध्यक्ष विष्णुदेव साय की अगुवाई में भाजपा के सांसद-विधायकों समेत पार्टी कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री निवास घेरने निकले। सिविल लाइन थाने के पास पुलिस ने सभी को रोक लिया। धक्कामुक्की के बाद पुलिस ने सभी नेताओं को गिरफ्तार कर लिया। भाजपा नेताओं ने दोपहर बाद रजबंधा तालाब स्थिति एकात्म परिसर से रैली निकाली। हाथ में नारे लिखी तख्तियां लिए भाजपा नेताओं की रैली शहीद स्मारक, शास्त्री चौक होते हुए कलेक्ट्रेट चौक स्थित डॉ. भीमराव आंबेडकर चौक पहुंची। यहां भाजपा नेताओं ने कुछ देर तक प्रदर्शन किया। वहां से रैली राजभवन को पार कर सर्किट हाउस रोड पर आगे बढ़ी।
अस्थाई जेल में गिरफ्तारी
लेकिन सिविल लाइन पुलिस ने सर्किट हाउस के पास रोक लिया। थाने को अस्थाई जेल बनाकर गिरफ्तार किया गया। इस दौरान पुलिस के साथ भाजपा नेताओं की जमकर झूमा झटकी हुई। पुलिस ने भाजपा नेताओं को हिरासत में लेने के बाद छोड़ दिया। गिरफ्तारी देने वाले नेताओं में पूर्व सीएम रमन सिंह, नेता प्रतिपक्ष धरमलाल कौशिक, प्रदेश अध्यक्ष साय, पूर्व मंत्री बृजमोहन अग्रवाल, नारायण चंदेल, सासंद सुनील सोनी सहित अऩ्य विधायक व सांसद थे।
पूरा छत्तीसगढ़ आक्रोशित-रमन सिंह
पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने कहा, कवर्धा की घटना को लेकर पूरा छत्तीसगढ आक्रोशित है। इसी आक्रोश की अभिव्यक्ति के लिए हम लोग सड़क पर उतरे हैं। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष विष्णुदेव साय ने कहा, हम लोग धरने पर बैठने आए हैं। हम चाहते हैं कि इस मामले में जितने लोगों पर एफआईआर हुई है, वह रद्द हो, केस वापस लिया जाए और घटना की न्यायिक जांच हो।