health index : स्वास्थ्य व्यवस्था में छत्तीसगढ़ पंजाब से भी पिछड़ा, क्या भूपेश सरकार की योजनाएं काम की नहीं?....

health index : स्वास्थ्य व्यवस्था में छत्तीसगढ़ पंजाब से भी पिछड़ा, क्या भूपेश सरकार की योजनाएं काम की नहीं?.... नई दिल्ली। नीति आयोग ने सोमवार को हेल्थ इंडेक्स जारी किया है। इसमें छत्तीसगढ़ की स्थिति बेहद खराब है। ऐसा इसलिए कह रहे हैं क्योंकि यहां संसाधनों की कमी नहीं है। इसके बावजूद प्रदेश को यह स्थान मिले, तो यह सोचनीय है। जबकि दक्षिण राज्यों की स्थिति अच्छी है। वहीं उत्तरी राज्यों की हालत खराब है। (हमारे वाट्सएप ग्रुप से जुड़ने के लिए नीचे दिए फोटो को क्लिक कीजिए)   हेल्थ इंडेक्स के मुताबिक, स्वास्थ्य सेवाएं देने के मामले में केरल देश में पहले नंबर पर है। दूसरे नंबर पर तमिलनाडु है। छत्तीसगढ़ 10वें और पंजाब 11वें नंबर पर है। वहीं सबसे आखिरी में उत्तर प्रदेश और बिहार है। उत्तर प्रदेश 19वें तो बिहार 18वें नंबर पर है। बता दें कि छत्तीसगढ़ ने अपने पुराने रैंक में सुधार किया, 16 से 10वें स्थान में काबिज हुए हैं, लेकिन स्वास्थ्य सुविधा को लेकर प्रदेश में जो दावे किए जा रहे हैं, उसके मुताबिक परिणाम सामने नहीं आया। वहीं असम लंबी छलांग लगाई है और अन्य प्रदेशों से कही आगे निकल गया। https://twitter.com/NITIAayog/status/1475397749461843968 बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं देने के मामले में छोटे राज्यो में मिजोरम पहले पायदान पर रहा, जबकि दूसरे नंबर पर त्रिपुरा और नागालैंड सबसे आखिरी पायदान पर रहा। वहीं केंद्र शासित प्रदेशों में दादरा नगर हवेली पहले और दूसरे नंबर पर चंडीगढ़ है। हालांकि दिल्ली 5वें नंबर पर है।

हेल्थ इंडेक्स में किस राज्य का कौन सा नंबर?

राज्य नंबर
केरल 1
तमिलनाडु 2
तेलंगाना 3
आंध्र प्रदेश 4
महाराष्ट्र 5
गुजरात 6
हिमाचल प्रदेश 7
पंजाब 8
कर्नाटक 9
छत्तीसगढ़ 10
हरियाणा 11
असम 12
झारखंड 13
ओडिशा 14
उत्तराखंड 15
राजस्थान 16
मध्य प्रदेश 17
बिहार 18
उत्तर प्रदेश 19

4 राउंड में केरल का स्कोर 82.20

नीति आयोग के मुताबिक, हेल्थ इंडेक्स के लिए 4 राउंड का सर्वे किया गया था और इसके हिसाब से स्कोरिंग की गई थी। चारों राउंड में केरल टॉप पर रहा। केरल का ओवर ऑल स्कोर 82.20 रहा। वहीं दूसरे नंबर पर रहे तमिलनाडु का स्कोर 72.42 रहा। इस इंडेक्स में सबसे कम 30.57 स्कोर उत्तर प्रदेश का रहा। 2018-19 में उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) का स्कोर 25.06 था, जबकि 2019 -20 में ये 30.57 रहा है। इसमें 5.52 का बदलाव हुआ है। दूसरे नंबर पर जिस राज्य के स्कोर में ज्यादा बदलाव हुआ है, उसमें असम है। असम ने 4.34 के बदलाव के साथ इस साल 47.74 स्कोर किया है।  वहीं तेलंगाना ने भी स्कोर में 4.22 का सुधार किया है।

तेलंगाना चौथे से तीसरे स्थान पर

पिछली साल की रैकिंग में आंध्र प्रदेश 68.88 के स्कोर के साथ तीसरे स्थान पर था, मामूली स्कोर में सुधार के बाद भी आंध्र प्रदेश इस बार की रैकिंग में चौथे स्थान पर खिसक गया है। वहीं तेलंगाना चौथे स्थान से तीसरे स्थान पर पहुंच गया है। तेलंगाना का स्कोर साल 2018-19 में 65.74 था, जो इस बार 69.96 हो गया है।

असम ने बड़ी छलांग लगाई

रैकिंग में सुधार के मामले में असम ने बड़ी छलांग लगाई है। पिछली बार की रैकिंग में ये 15वें स्थान पर था और इस बार ये तीन स्थान के सुधार के साथ रैकिंग में 12वें नंबर पर पहुंच गया है। छोटे राज्यों में मिजोरम शीर्ष स्थान पर है, जबकि केंद्र शासित प्रदेशों में स्वास्थ्य के क्षेत्र में दिल्ली एवं जम्मू कश्मीर ने सभी मानकों पर सबसे नीचे है। वृद्धि संबंधी प्रदर्शन में सबसे ऊंचा स्थान हासिल किया।

यह भी पढ़े

राशनकार्ड धारी सरकारी चावल बेचने पर जाएंगे जेल, दुकानदार पर भी होगी कार्रवाई, जानिए नियम… जिला न्यायालय में भर्ती, स्टेनो ग्राफर, सहायक ग्रेड और भृत्य के 67 पदों पर सीधी, देखें डिटेल… IND vs SA 1st Test : राहुल-मयंक की बल्लेबाजी से भारत मजबूत, लेकिन 3 विकेट गिरे… उत्कृष्ठ विद्यालय में व्याख्याता, शिक्षक समेत अन्य पदों पर भर्ती, इस तारीख तक करें आवेदन… छत्तीसगढ़ : पंचायत उपचुनाव के तारीख का ऐलान, 235 सरपंच के लिए होगा मतदान छत्तीसगढ़ में ओमिक्रोन का खतरा, नए साल के जश्न पर लगाई ये पाबंदी, सभी कलेक्टर को दिया आदेश, देखिए कोरोना मुआवजा देने में देरी, सुप्रीम कोर्ट ने जताई नाराजगी, छत्तीसगढ़ से मांगा जवाब